Boy 2 Girl – क्या मैं तुम्हे kiss कर सकता हूँ ?
Girl – ज़लील, कमीने, कुत्ते !!!
तुझे शर्म नहीं आती ….. ???
…
…
…
तुमने ये बात
कहने में 6 महीने लगा दिए ……….. करो ना !
तुम अपने किरदार को इतना बुलंद करो कि दूसरे मज़हब के लोग देख कर कहें कि अगर उम्मत ऐसी होती है,तो नबी कैसे होंगे? गगन बेच देंगे,पवन बेच देंगे,चमन बेच देंगे,सुमन बेच देंगे.कलम के सच्चे सिपाही अगर सो गए तो वतन के मसीहा वतन बेच देंगे.
Boy 2 Girl – क्या मैं तुम्हे kiss कर सकता हूँ ?
Girl – ज़लील, कमीने, कुत्ते !!!
तुझे शर्म नहीं आती ….. ???
…
…
…
तुमने ये बात
कहने में 6 महीने लगा दिए ……….. करो ना !

सूरज के उबलते रूप की इस तरह की तस्वीरें नहीं देखी होंगी। हैरान कर देने वाली ये तस्वीरें नासा के उपग्रह सोलर डायनमिक ऑब्जर्वेटरी सैटेलाइट (एसडीओ) द्वारा ली गई हैं। कुछ तस्वीरों में सूर्य से पराबैगनी और एक्स-रे स्पेक्ट्रम के प्रकाश निकल रहे हैं। ये एक्स-रे और पराबैगनी तस्वीरें, सूरज कैसे कार्य करता है ? इसे समझने में वैज्ञानिकों की मदद करती हैं।
एसडीओ द्वारा ली गई इन छवियों का आशय है कि किसी भी दूसरे सोलर आब्जर्विंग स्पेसक्राफ्ट की तुलना में नासा धरती पर कहीं व्यापक वैज्ञानिक आंकड़े भेजता है। प्रतिदिन यह 1.5 टेट्राबाइट आंकड़े भेजता है जो कि एक एमपी-थ्री पर 5 लाख गानों के बराबर होता है।
नासा का सोलर डायनामिक्स ऑब्जर्वेटरी (एसडीओ) केप कानवेरल,फ्लोरिडा से फरवरी 2010 में प्रक्षेपित किया गया। मुख्य वैज्ञानिक डीन पेस्नेल ने कहा कि इसके पास पहले से अप्रमाणित कम से कम एक सिद्धांत है लेकिन उन्होंने विवरण देने से इंकार कर दिया।
एसडीओ पांच वर्ष के मिशन पर है। जिसकी अनुमानित लगात 855 मिलियन डॉलर है। यह सूर्य के चुम्बकीय क्षेत्रों का परीक्षण करेगा और पृथ्वी की जलवायु में सूर्य की भूमिका की बेहतर समझ उपलब्ध कराएगा।
यह इसका भी परीक्षण करेगा कि सूर्य का चुम्बकीय क्षेत्र कैसे उत्पन्न होता है और अशांत सौर हवाओं के रूप में कैसे हिंसात्मक सौर घटनाओं में बदलता है। उम्मीद है कि इसके जरिए वैज्ञानिक समझ सकेंगे कि डैमेज सौर ज्वालाएं कैसे संचार उपग्रहों और बिजली आपूर्ति में मदद कर सकती हैं।
एसडीओ धरती से 22,000 मील दूर चक्कर लगा रहा है।




अंजीर अपने खट्टे-मीठे स्वाद के लिए प्रसिद्ध अंजीर एक स्वादिष्ट, स्वास्थ्यवर्धक और बहु उपयोगी फल है।अंजीर कई प्रकार का होता है जिसमें से कुछ इस प्रकार के हैं।वैज्ञानिकों के अनुसार अंजीर कि इसके सूखे फल में कार्बोहाइड्रेट (शर्करा) 63 प्रतिशत, प्रोटीन 5.5 प्रतिशत, सेल्यूलोज 7.3 प्रतिशत, चिकनाई एक प्रतिशत, खनिज लवण 3 प्रतिशत, अम्ल 1.2 प्रतिशत, राख 2.3 प्रतिशत और जल 20.8 प्रतिशत होता है। इसके अलावा प्रति 100 ग्राम अंजीर में लगभग 1 ग्राम का चौथा भाग लोहा, विटामिन,थोड़ी मात्रा में चूना, पोटैशियम, सोडियम, गंधक, फास्फोरिक एसिड और गोंद भी पाया जाता है।
घरेलू उपचार में ऐसा माना जाता है कि स्थाई रुप से रहने वाली कब्ज़ अंजीर खाने से दूर हो जाती है। गैस और एसीडिटी से भी राहत मिलती है।साधारण कब्ज में गरम दूध में सूखे अंजीर उबाल कर सेवन सुबह दस्त साफ होता है। इससे कफ बाहर आ जाता है। सूखे अंजीर को उबाल कर बारीक़ पीस कर अगर गले की सुजन या गांठ पर बांधी जाए तो लाभ पहुंचता है। ताजे अंजीर खा कर साथ दूध का सेवन करना शक्तिवर्धक होता है। डायबिटीज के रोगी को अंजीर से लाभ पहुंचता है। खून की खराबी में सूखे अंजीर को दूध और मिश्री के साथ लगातार हफ्ते भर सेवन करने से लाभ होता है। अंजीर खाकर ऊपर से दूध पीना अत्यंत शक्तिवर्धक एवं वीर्यवर्धक होता है। खून की खराबी में सूखे अंजीर को दूध एवं मिश्री के साथ लगातार एक सप्ताह सेवन करने से खून के विकार नष्ट हो जाते हैं। मधुमेह रोग में अन्य फलों की तुलना में अंजीर का सेवन विशेष लाभकारी होता है। किसी प्रकार का बाह्य पदार्थ यदि पेट में चला जाए तो उसे निकालने के लिए अंजीर को अधिक मात्रा में सेवन करना उपयोगी होता है। अस्थमा की बीमारी में प्रात:काल सूखे अंजीर का सेवन पथ्यकारी है।
अस्थमा की बीमारी में रोज सुबह सूखे अंजीर का प्रयोग लाभ देता है। अंजीर कफ को जमने से भी रोकता है। किसी भी प्रकार के बुखार विशेषकर पेट की खराबी से होने वाले बिखर में अंजीर का सेवन लाभदायक होता हैं। यह भी बताना हितकर होगा की किसी भी औषधि का सेवन वैद्य के मार्गदर्शन में ही करना लाभप्रद होता है। बिना जानकारी के स्वयं प्रयोग अहितकारी होता है। अंजीर में कैल्शियम बहुत होता है, जो हड्डियों को मजबूत करने में सहायक होता है। कम पोटैशियम और अधिक सोडियम लेवल के कारण हाइपरटेंशनकी समस्या पैदा हो जाती है। अंजीर में पोटैशियम ज्यादा होता है और सोडियम कम होता है इसलिए यह हाइपरटेंशन की समस्या होने से बचाता है।दो अंजीर को बीच से आधा काटकर एक ग्लास पानी में रात भर के लिए भिगो दें सुबह उसका पानी पीने से अंजीर खाने से रक्त संचार बढ़ता है।
बस्ती।जिला महिला अस्पताल के पास एक छोटा सा मंदिर है। यहां एक खास तरह के लोग प्रार्थना करने आते हैं। वो होती हैं गर्भवती महिलाएं। प्रसव वेदना से कराह रही ये महिलाएं इस मंदिर में आकर इस दर्द से मुक्ति के लिए प्रार्थना करती हैं। और चमत्कार देखिए, उनके प्रार्थना करने के बाद ही उनका दर्द समाप्त हो जाता है।
लोगों का मनाना है कि मां भी इनकी पुकार सुनती है। इससे प्रसव पीड़ित माताएं हंसते-हंसते वेदना सह जाती हैं। अस्पताल से छूटते ही यहां प्रसाद और कड़ाही का दौर शुरू हो जाता है। ऐसा नजारा यहां लगभग प्रति दिन देखने को मिलता है।
जनश्रुति के मुताबिक, लगभग 50 वर्ष पहले यहां एक पीपल का पेड़ था। इसी अस्पताल में दाई के पद पर तैनात सोनबरसा देवी ने पीपल के पेड़ से सटे शंकर जी के मंदिर की स्थापना किया। और अस्पताल में आने वाले लोगों से लेकर स्थानीय लोगों की आस्था इस मंदिर के प्रति बढ़ती गई। पुजारी के मुताबिक, बाद में मंदिर में मां की स्थायी प्रतिमा लगाई गई।
विज्ञान के इस युग में इस तरह के बातों पर विश्वास करना कठिन होता है। पर कहते हैं कि विश्वास के आगे कुछ नहीं चलता। यहां आने वालों की मुराद पूरी होती है, इसलिए उनकी आस्था दिन ब दिन बलवती हो रही है।
जालंधर/आदमपुर. ‘वह पूरे खानदान को खत्म करने पर तुला हुआ था। खानदान को बचाने के लिए मैंने एक बेटे को मार देना मुनासिब समझा। इसलिए जर्मनी से लौटे बड़े बेटे और फैमिली फ्रेंड की मदद से छोटे बेटे सुमिंदर सिंह लाडी का कत्ल कर दिया।’ पूछताछ में पुलिस के सामने यह बयान गांव डरोली कलां की बलजीत कौर ने दिया है।
बलजीत कौर ने बताया, उसका बड़ा बेटा कुंवारा था और वह जर्मनी चला गया था। छोटे बेटे सुमिंदर सिंह उर्फ लाडी की शादी गांव मूंडा की नवनीत कौर से हुई थी। उसके दो बेटे भी हुए। लाडी पर कई आपराधिक केस दर्ज थे। अपराधी होने के कारण गांव में बलजीत कौर की बदनामी होती थी। इसलिए बलजीत ने लाडी को बेदखल कर दिया था। इस बात पर लाडी बेहद खफा हुआ और उसने तमाशा खड़ा कर दिया।
लाडी धमकी देता था कि वह पूरे खानदान को खत्म कर देगा। एक बार तो लाडी ने पत्नी पर मिट्टी का तेल डाल कर आग लगाने का प्रयास किया था। इस बीच सुखदावर सिंह जर्मनी से लौट आया था और लाडी ने सुखदावर को लेकर खूब बवाल करना शुरू कर दिया। वह परिवार वालों की हत्या की साजिश रच रहा था, जिसकी भनक लग गई। इसलिए बलजीत ने बहू और दोनों पोते मायके घर भेज दिए।
अमृत पाल सिंह को साजिश में शामिल कर 6 मार्च की रात लाडी की निर्मम हत्या कर दी गई। अमृत और सुखदावर चोमो पुल के पास शव फेंक गए थे। 7 मार्च को शव देख कर लोगों ने पुलिस को सूचना दी थी। मौके पर आई बलजीत कौर ने बेटे की पहचान की थी। थाना आदमपुर में बलजीत कौर के बयान पर ही अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया था।
आदमपुर के एसएचओ अंग्रेज सिंह ने उक्त जानकारी देते हुए बताया कि बलजीत कौर और उसके बड़े बेटे सुखदावर सिंह को कठार अड्डा से शुक्रवार को गिरफ्तार किया गया। इन पर लाडी की हत्या करने का आरोप है। अदालत ने बलजीत को 14 दिन और सुखदावर को एक दिन के रिमांड पर लिया है। मामले का तीसरा आरोपी अमृतपाल सिंह 24 सितंबर को गिरफ्तार किया गया था। उसी दिन पुलिस ने मामले को ट्रेस करने का दावा किया था। लाडी की पत्नी को पुलिस ने निर्दोष करार दिया है।
हिसार. टीम अन्ना आज से राजनीति के 'अखाड़े' में औपचारिक रूप से उतर जाएगी। जनलोकपाल बिल के लिए कांग्रेस पर दबाव बनाने के मकसद से टीम अन्ना के सदस्य कांग्रेस के खिलाफ हिसार लोकसभा उपचुनाव में आज से प्रचार शुरू करेंगे। यह अभियान सोमवार तक चलेगा। हिसार में 13 अक्टूबर को वोटिंग है।
टीम अन्ना के अहम सदस्य अरविंद केजरीवाल, किरण बेदी, प्रशांत भूषण और मनीष सिसोदिया कांग्रेस को हराने के लिए जगह-जगह सभाएं करेंगे। हरियाणा की हिसार संसदीय सीट पर हो रहे उपचुनाव में कांग्रेस के खिलाफ वोट देने की अपील करते हुए शनिवार से अभियान शुरू करेंगे। टीम अन्ना अन्ना हजारे की सीडी की भी मदद लेगी, जिसमें हजारे ने कांग्रेस के खिलाफ वोट देने की अपील की है। हजारे खुद हिसार नहीं जाएंगे।
उधर, बीजेपी भी हिसार में पूरी ताकत झोंकने के लिए तैयार है। बीजेपी की तरफ से सुषमा स्वराज और नितिन गडकरी हिसार में आज प्रचार करेंगे।
दरभंगा. जिले के सिंहवारा पुलिस स्टेशन स्थित ठाकानिया गाँव में हीरा यादव (30) ने अपनी पत्नी रीना देवी (25) की धारदार हथियार से गला काट हत्या कर दी। इतना ही नहीं हीरा यादव ने अपनी पत्नी के कटे सिर को हाथ में लिया और बीच सड़क पर आ खड़ा हुआ।
उसके एक हाथ में हथियार और दूसरे में पत्नी के कटे सिर को देख लोग खौफजदा हो गए। मामले की सूचना पाकर पहुंची पुलिस ने हीरा यादव को हिरासत में ले लिया। उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने बताया कि इस हत्या के पीछे पारिवारिक विवाद है।
क्या आपको पता है आपके साथ कोई ताकत या तीसरी दुनिया की कोई शक्ति है। कुछ लोगों को इसका एहसास हो जाता है लेकिन कुछ लोग ये समझ नहीं पाते कि क्या हो रहा है। उनको सपने में ही अपना भविष्य पता चल जाता है। ऐसे लोगों को कुछ पूर्वाभास होने लगते हैं।
जिन लोगों पर किसी शक्ति या उपरी ताकत का हाथ होता है ऐसे लोगों के हर काम आसानी से पूरे होने लगते हैं। किसी भी काम को करने से पहले ही इन लोगों को उसका परिणाम दिखने लगता हैं। जानिए और क्या होता है जब किसी के सर पर किसी शक्ति का हाथ होता है।
- अगर कोई दुर्घटना होने वाली है तो इनको पहले ही पता चल जाता है। इसलिए इन लोगों के साथ दुर्घटनाएं कम ही होती है।
- अगर आपके साथ तीसरी दुनिया की कोई शक्ति है तो आपको पूर्वाभास होने लगेगा और ये पहले से ही पता चल जाएगा कि कल क्या होने वाला है।
- ऐसे लोगों को सपने में तेज चमकती हुई रोशनी या तेज प्रकाश दिखता है।
- अक्सर इन लोगों को किसी के पास होने का एहसास होता है।
- ऐसे लोग कम बोलने वाले होते हैं लेकिन ये जो बोलते हैं वो सच ही होता है।
अरनोद दशहरा पर्व पर जहां देशभर में बुराई के प्रतीक रावण का पुतला दहन किया गया, वहीं प्रतापगढ़ जिले के खेरोट गांव में मिट्टी का पुतला बंदूक से छलनी किया गया। यहां यह परंपरा वर्षो से चली आ रही है।
पर्यावरण संरक्षण के लिहाज से इस गांव में वर्र्षो पहले मिट्टी से रावण का पुतला बनाना शुरू किया गया। ग्रामीण इस पुतले के सिर को अपनी बंदूक की गोली का निशाना बनाते हैं। गुरुवार को पर्व पर इस परंपरा का निर्वहन किया गया। बड़ी संख्या में ग्रामीणों के बीच से अध्यापक भूपेंद्र नागर ने रावण के सिर पर अचूक निशाना लगाया।
क्या हैं परंपरा गांव का ही एक व्यक्ति गांव के बाहर मिट्टी का रावण तैयार करता हैं। रावण का धड़ पुराना ही काम आता है, जबकि उसका सिर हर साल नया तैयार किया जाता हैं। मटके से बने सिर में लाल रंग भरा जाता है। मुख्य मंदिर से भगवान श्रीराम सहित देवी-देवताओं की ढ़ोल नगाड़ों के साथ शोभायात्रा गांव का भ्रमण करते हुए मैदान पहुंचती हैं।
यहां भगवान श्रीराम के पूजन के बाद गांव के ठिकानेदार परिवार द्वारा रावण के पुतले की नाक को भाले से बींधा जाता हैं। इसके बाद पुतले पर एक-एक करके गोलियों की बौछार होती है। जिस व्यक्ति की बंदूक से रावण का सिर पर निशाना लगता है वह विजयी घोषित किया जाता है। नहीं मिलता बारूद : पहले दशहरे के दिन यहां 50 -60 बंदूकधारी ग्रामीण एकत्रित होते थे, लेकिन अब बंदूक लाइसेंस की सख्ती के कारण इनकी संख्या भी कम हो गई है।
गांव के कृष्ण वल्लभ व्यास बताते है कि ग्रामीण लकड़ी को व्यर्थ जलाना पाप समझते हैं। पुराने समय में यहां घना जंगल था। रावण दहन से जंगल में आग लगने का खतरा था, इसलिए यह परंपरा शुरू की गई जो आज भी बरकरार है।
जोधपुर.भारतीय सेना पश्चिमी राजस्थान से लगती पाक सीमा के नजदीक थार में सदी के सबसे बड़े युद्धाभ्यास सुदर्शन चक्र में अपनी ताकत का प्रदर्शन करेगी। शीतकालीन युद्धाभ्यास का शंखनाद 9 अक्टूबर को बाड़मेर के रेतीले इलाके में सेना के अर्जुन टैंक, बायर्स तोपों व आधुनिक हथियारों से काल्पनिक जंग से होगा।
भारतीय सेना की 21 कोर के नेतृत्व में दो महीने चलने वाले इस बड़े युद्धाभ्यास में कम समय में दुश्मन पर अचूक वार कर नेस्तनाबूद करने का सैनिक प्रदर्शन करेंगे।
इस दौरान सेना के साथ वायुसेना के जांबाज पायलट भी आसमान से दुश्मन पर प्रहार कर अपनी मारक क्षमता दिखाएंगे। उसमें सुखोई 30 का प्रदर्शन मुख्य आकर्षण रहेगा।
युद्धाभ्यास की कमान सेना की दक्षिण कमान की शक्तिशाली 21 स्ट्राइक कोर के लेफ्टिनेंट जनरल एके सिंह ने संभाल रखी है। भोपाल, पुणो, ग्वालियर के अलावा जोधपुर से सेना की टुकड़ियों सहित तमाम संसाधन बाड़मेर व जैसलमेर के रेगिस्तान में पहुंच चुके हैं।
हालांकि मुख्य अभ्यास बाड़मेर इलाके में होगा। इस युद्धाभ्यास में सेना की मैकेनाइज्ड कोर, आम्र्ड कोर और आर्टिलरी कोर की यूनिटों के सैनिक शामिल हैं।
काल्पनिक दुश्मन से होगी जंग
रेतीले टीलों में सैनिकों को तोप,बख्तरबंद गाड़ियों व टैंकों से दुश्मन से लड़ने व नेस्तनाबूद करने में महारत हासिल करने के गुर सिखाए जाएंगे। युद्ध रणनीति कौशल, रात्रिकालीन विजन की मारक क्षमता और कम से कम समय में दुश्मन के ठिकानों को नष्ट करने का प्रदर्शन होगा।
साथ ही काल्पनिक जंग में सेना के जवानों का दम-खम व आधुनिक हथियारों की मारक क्षमता को परखा जाएगा। दुश्मन व भारतीय सेना के बीच रेड व ब्ल्यू टीम के नाम से काल्पनिक जंग होगी।
सुखोई की बमवर्षा से थर्राएगा थार
इस युद्धाभ्यास के दौरान वायुसेना के पायलट भी लड़ाकू विमान सुखोई, मिग, जगुआर व मिराज दुश्मन के ठिकानों पर बमबारी और मिसाइलों से निशाने दाग आपसी तालमेल का बेहतरीन प्रदर्शन करेंगे। बैटल टैंक से दुश्मन की सेना को नेस्तनाबूद करने और हेलिकॉप्टर से दुश्मन की जमीन पर कमांडो उतार कर उनके ठिकाने नष्ट करने का जीवंत प्रदर्शन होगा।
मुंबई. दशहरे के अवसर पर शिवसेना प्रमुख बाल ठाकरे और गांधीवादी अन्ना हजारे के बीच जुबानी जंग तेज हो गई है। बाल ठाकरे ने पहले तो दशहरा रैली में अन्ना पर तीखा प्रहार किया। अन्ना ने बूढ़ा कहा तो ठाकरे और तिलमिला गए।
इस जुबानी जंग में अब ताजा प्रहार बाल ठाकरे ने किया है। चुनौती भरे लहजे में बाल ठाकरे ने कहा कि अन्ना मुझसे बिना बात के दुश्मनी न ले। ठाकरे ने यह भी दोहराया कि उन्होंने अन्ना हजारे के बारे में जो भी कहा था वो सब सही था।
गौरतलब है कि गुरुवार को मुंबई में दशहरा रैली को संबोधित करते हुए बाल ठाकरे ने अन्ना के अनशन को फाइव स्टार करार देते हुए कहा था कि उनकी टीम प्रचार की भूखी है और ऐसे अनशनों से भ्रष्टाचार समाप्त नहीं होने वाले है।
इसके जवाब में अन्ने ने पहले तो प्रतिक्रिया न देते हुए कहा था कि व्यक्ति में अपमान सहने की शक्ति होनी चाहिए लेकिन बाद में अन्ना के तेवर भी गरम हो गए थे और उन्होंने शिवसेना प्रमुख को बूढ़ा कह दिया था।
बाल ठाकरे अन्ना के बूढ़ा कहने पर ही तिलमिलाए हुए हैं। वैसे अन्ना और ठाकरे के बीच जंग पुरानी है। जब महारष्ट्र में शिवसेना और बीजेपी की सरकार थी तो अन्ना के भ्रष्टाचार विरोधी आंदोनल के चलते उनके कई मंत्रियों की कुर्सी चली गई थी।
हालांकि ताजा बयान में ठाकरे ने यह भी कहा है कि मीडिया ने उनके बयान को गलत तरीके से पेश किया। ठाकरे ने कहा कि अब अन्ना ने बूढ़ा कह दिया है तो मैं चुप नहीं बैठूंगा। मैं अन्ना को बता देना चाहता हूं कि मैं गांधीवादी नहीं हूं। मुझसे बिना बात का बैर न लें। ठाकरे के इस ताजा बयान पर अभी अन्ना हजारे की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई हैं।
इस्लामाबाद. अमेरिका की तमाम धमकियों और चेतावनी के बावजूद पाकिस्तान आतंकवादियों के खिलाफ नरम रवैया अपनाए हुए है और चरमपंथी तत्वों के खिलाफ काम करने वाले लोगों को राष्ट्रद्रोही मान रहा है। यही वजह है कि अल कायदा के सरगना रहे ओसामा बिन लादेन के खिलाफ अमेरिकी खुफिया एजेंसी सीआईए की मदद करने के आरोप में डॉ. शकील अफरीदी के खिलाफ राष्ट्रद्रोह का आरोप लगाया गया है। माना जाता है कि अफरीदी के फर्जी टीकाकरण अभियान से ही सीआईए को ओसामा के ठिकाने के बारे में पता चला था। जिसके बाद हुए ऑपरेशन में वह मारा गया था।
मई में हुई ओसामा बिन लादेन की मौत की जांच कर रहे आयोग ने डॉ. अफरीदी को देश विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाते हुए राष्ट्रद्रोही माना है। डॉ. अफरीदी पर आरोप है कि उन्होंने लादेन के ठिकाने का पता लगाने के लिए सीआईए की शह पर ऐबटाबाद में फर्जी टीकाकरण अभियान चलाया था। दो मई को अमेरिकी ऑपरेशन में ओसामा के मारे जाने के बाद पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई ने डॉ. शकील अफरीदी को हिरासत में ले लिया था।
पाकिस्तान में सुप्रीम कोर्ट के जज की अगुवाई में गठित चार सदस्यीय जांच आयोग ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि पहली नज़र में डॉ. अफरीदी के खिलाफ पाकिस्तान के खिलाफ साजिश रचने का मामला बनता है। आयोग ने आईएसआई के प्रमुख शुजा पाशा से इस मामले में पूछताछ की है। आयोग ने इसी हफ्ते डॉ. अफरीदी से बातचीत की थी।
अमेरिका पाकिस्तान से अफरीदी को रिहा कर अमेरिकी हिरासत में देने की अपील करता रहा है। अमेरिका का कहना है कि डॉ. अफरीदी ने दुनिया के सबसे खतरनाक आतंकवादी को पकड़ने में मदद की थी। लेकिन सीआईए के ऑपरेशन ओसामा से शर्मसार पाकिस्तान की एजेंसियां अफरीदी पर कानूनी कार्रवाई करने पर आमादा हैं।
कराची में शांति कायम करने के लिए मलिक को डॉक्टरेट
खबर है कि पाकिस्तान के गृह मंत्री रहमान मलिक को कराची विश्वविद्यालय की तरफ से 'कराची में शांति का माहौल बनाने के लिए' डॉक्टरेट की मानद उपाधि दी जाएगी। कराची में हाल के कुछ महीनों में जबर्दस्त हिंसा हुई है, जिसमें वहां जानमाल का भारी नुकसान पहुंचा है।
जोधपुर. क्या भंवरी देवी जिंदा हैं? यह सवाल एक बार फिर से राजस्थान पुलिस के सामने आकर खड़ा हो गया है। राजस्थान के जोधपुर की नर्स भंवरी देवी को गायब हुए एक महीने से ज़्यादा का वक्त बीत चुका है। इस मामले की जांच कर रही राजस्थान पुलिस इस मामले में आज तक हाथ पांव मार रही है। लेकिन एक चिट्ठी ने राजस्थान पुलिस के होश उड़ा दिए हैं।
दरअसल, इस चिट्ठी में दावा किया गया है कि भंवरी देवी जिंदा हैं और हरियाणा के बड़े नेता ने उन्हें बंधक बना रखा है। यह चिट्ठी जोधपुर पुलिस के हाथ लगी है। सूत्रों के हवाले से मीडिया में आईं खबरों के मुताबिक चिट्ठी लिखने वाले ने अपना नाम गुप्त रखा है, लेकिन उसने बताया है कि वह भंवरी देवी के अपहरण की साजिश रचने वाले लोगों के काफी करीब है। चिट्ठी लिखने वाले ने यह भी कहा है कि भंवरी देवी का अपहरण करने के पीछे बड़ी सियासी साजिश है।
चिट्ठी एक पोस्टकार्ड की शक्ल में जोधपुर पुलिस को मिली है। जोधपुर पुलिस से जुड़े सूत्रों के मुताबिक चिट्ठी भेजने वाले ने दावा किया है कि भंवरी को अपहरण के बाद सीकर की जगह नागौर ले जाया गया। इस मामले की शुरुआत में पुलिस को शक था कि भंवरी देवी का अपहरण करके सीकर ले जाया गया है, जहां से कुछ वक्त के बाद उत्तर प्रदेश के किसी गिरोह को उसे सौंप दिया गया है। खबरों के मुताबिक चिट्टी भेजने वाले ने उन लोगों के नाम भी लिखे हैं, जिनके इशारे पर अपहरण हुआ है और जिन लोगों ने अपहरण करवाया है।
चिट्ठी भेजने वाले के मुताबिक भंवरी देवी को नागौर से हरियाणा ले जाया गया जहां वह अब भी बंधक है। चिट्ठी में भंवरी देवी के जिंदा होने का दावा किया गया है। चिट्ठी में उस नेता का नाम भी दर्ज है, जिसके यहां भंवरी देवी इस समय है।
हालांकि, जोधपुर पुलिस ने इस चिट्ठी पर आधिकारिक तौर पर कुछ भी कहने से इनकार किया है। जोधपुर पुलिस इस चिट्ठी को मामले की जांच कर रही सीबीआई को सौंपेंगी। भंवरी देवी अपहरण का मुकदमा शुक्रवार को सीबीआई दिल्ली में दर्ज हो सकता है। मुकदमा दर्ज होने के साथ ही ब्यूरो टीम जोधपुर आ जाएगी।
राज्य के मंत्री महिपाल मदेरना के साथ भंवरी देवी की कथित आपत्तिजनक सीडी की खबर तब सामने आई जब भंवरी देवी सितंबर की शुरुआत में लापता हो गईं। भंवरी देवी के पति ने मदेरना के खिलाफ अपहरण, बलात्कार और हत्या का मामला दर्ज कराया था। इसके बाद खबरें आईं कि भंवरी देवी को मारकर उत्तर प्रदेश के झांसी में जमीन में गाड़ दिया गया है। राजस्थान पुलिस की एक टीम झांसी भी गई, लेकिन भंवरी का कुछ भी पता नहीं चला।
भंवरी देवी का अपहरण 1 सितंबर को हुआ था और 5 सितंबर को बिलाड़ा थाने में अपहरण का मुकदमा दर्ज हो गया था। इसके दस दिन बाद ही राज्य सरकार ने इस मामले की जांच सीबीआई से कराने की घोषणा कर दी थी। इस मामले से राजस्थान सरकार की जमकर फजीहत हो रही है।
हरियाणा में हलचल तेज
भंवरी देवी के जिंदा होने और हरियाणा के रसूखदार नेता के घर पर होने की सुर्खियों ने हरियाणा में खलबली मचा दी है। हरियाणा पुलिस मुख्यालय ने दिल्ली से सटे राज्य के सभी जिला के पुलिस अधीक्षकों को आदेश जारी कर दिए है कि वो अपने अपने एरिया में जांच अभियान चला कर भंवरी देवी को ढूंढने के लिए अभियान छेड़ दे।
हरियाणा के अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक कानून व व्यवस्था बी एस संधू ने दैनिक भास्कर को जानकारी दी कि उन्हें ये जानकारी मिली है कि भंवरी देवी दिल्ली से सटे हरियाणा के किसी जिले में फार्म हाउस में है। हमने संबंधित जिलों के सभी पुलिस कप्तानों को निर्देश जारी कर दिए है। उन्होंने कहा कि भंवरी देवी हरियाणा के किसी रसूखदार नेता के घर पर है, ऐसी जानकारी पुलिस के पास नहीं पहुंची है अगर ऐसा कोई जानकारी आती है तो कार्रवाई की जाएगी। इस मामले पर पुलिस महकमे में तो खलबली मच ही गई है साथ हिसार उपचुनाव को लेकर भी राजनीतिक हलके में भी अंदरखाते हलचल मची हुई है
नई दिल्ली.भ्रष्टाचार के खिलाफ देशभर में 11 अक्टूबर से रथयात्रा निकाल रहे भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता लालकृष्ण आडवाणी इस बार एक अत्याधुनिक सुविधाओं से लैस बस को अपने 'रथ' के तौर पर इस्तेमाल करेंगे जिसमें लिफ्ट के अलावा दूरसंचार की सभी सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।
आडवाणी की यह 'रथयात्रा' 18 राज्यों से गुजरते हुए 12,000 किलोमीटर का सफर पूरा करेगी।
भाजपा के सचिव श्याम जाजू ने बताया कि 'रथ' के तौर पर इस्तेमाल की जाने वाली एक अत्याधुनिक बस पुणे में तैयार की जा रही है। यह बस आडवाणी की 'जनचेतना यात्रा' शुरु होने से पहले बिहार पहुंच जाएगी।
जाजू ने बताया,"बस में लिफ्ट, टेलीविजन, कम्प्यूटर और लोगों को सम्बोधित करने की प्रणाली लैस होगी। इसमें उनके आराम करने की जगह भी होगी और लोगों से बातचीत करने का भी स्थान होगा।"
उल्लेखनीय है कि भाजपा ने जयप्रकाश नारायण के जन्म स्थान बिहार के सिताब दियारा से उनके जन्मदिन 11 अक्टूबर को आडवाणी की रथयात्रा की शुरुआत करने का एलान किया है।
जाजू कहते हैं कि बस सिताब दियारा सम्भवत: नहीं पहुंच पाएगी क्योंकि वहां गांव में अभी भी बाढ़ का पानी जमा है। उन्होंने कहा कि 84 वर्षीय आडवाणी और पार्टी के अन्य वरिष्ठ नेता सम्भ्वत: हेलीकॉप्टर से सिताब दियारा पहुंचकर जयप्रकाश नारायण को श्रद्धासुमन अर्पित करेंगे। ये लोग फिर यहां से छपरा जाएंगे, जहां से आडवाणी की यात्रा आगे बढ़ेगी।
जाजू ने बताया कि आडवाणी की 'जन चेतना' यात्रा का मुख्य उद्देश्य देश में 'सुशासन और साफ सुथरी राजनीति'कायम करना है। यह यात्रा 18 राज्यों और कुछ केंद्र शासित प्रदेशों से गुजरते हुए 20 नवम्बर को दिल्ली में समाप्त होगी।
जाजू ने कहा कि आडवाणी की यात्रा चुनावी राज्यों उत्तर प्रदेश,उत्तराखंड,पंजाब,गोवा होते हुए अरुणाचल प्रदेश,पश्चिम बंगाल ओर असम से होकर गुजरेगी।
इस यात्रा के दौरान आडवाणी प्रतिदिन नौ बजे सुबह एक संवाददाता सम्मेलन को सम्बोधित करेंगे और उनकी यात्रा सुबह 10 बजे शुरू होकर रात 10 बजे तक जारी रहेगी। छोटी बैठकों के अलावा आडवाणी प्रतिदिन चार रैलियों को सम्बोधित करेंगे।
आडवाणी की रथयात्रा में उनके साथ 18 वाहनों का काफिला रहेगा,जिसमें एक एंबुलेंस और एक सुरक्षा घेरा मौजूद रहेगा। भाजपा महासचिव अनंत कुमार इस यात्रा के मुख्य समन्वयक होंगे तथा उनके अलावा रविशंकर प्रसाद, मुरलीधर राव और जाजू सह-समन्वयक होंगे।
उल्लेखनीय है कि जयप्रकाश नारायण ने वर्ष 1974 में 'सम्पूर्ण क्रांति' का नारा दिया था, जिसमें छात्रों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया था। इस आंदोलन के असर की वजह से ही तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को वर्ष 1975 में आपातकाल लागू करना पड़ा था और वर्ष 1977 में हुए आम चुनाव में उन्हें सत्ता गवानी पड़ी थी।
मुजफ्फरनगर। मनुष्य यदि किसी काम को करने की ठान ले तो मुश्किलें भी उसके लिए राह बनाने लगती हैं। मुजफ्फरनगर जिले के युवक सुनील ने इसे एक बार फिर साबित किया है। ग्रामीण परिवेश में पलने वाले सुनील ने हवा से बिजली उत्पन्न करने वाले प्रोजेक्टर से पंखा, रेडियो व ट्यूब जलाकर लोगों को हैरत में डाल दिया है।
थाना नकुड़ के ग्राम खेड़ा अफगान के मजरा याकूबपुर निवासी मोकम सिंह के पांच पुत्र हैं। पूरा परिवार मजदूरी पर आश्रित है। मोकम सिंह का एक पुत्र सुनील (22) जो घर की आर्थिक स्थिति ठीक न होने के कारण सात तक ही पढ़ पाया है लेकिन उसने वर्ष 2003 से बिजली उत्पन्न करने वाले यंत्र बनाने का सपना अपने मन में संजो रखा था। चार साल के अथक प्रयास के बाद उसकी मेहनत रंग लायी और 2007 में उसने अपने सपने को साकार कर दिखाया।
उसने हवा से बिजली उत्पन्न करने वाले ऐसे यंत्र का आविष्कार कर दिया जिसे देख कर लोग दांतो तले अंगुली दबाने पर मजबूर हो गए। सुनील ने मात्र 50 रुपये की लागत से घर पर ही ऐसा यंत्र तैयार किया जिस से चार वोल्ट डीसी का करंट उत्पन्न होता है। उसके इस कार्य की सराहना करते हुए बहुजन समाज पार्टी (बसपा) के पूर्व समन्वयक एवं परिवहन मंत्री डॉ. मेघराज सिंह जरावरे ने वर्ष 2008 उसे सम्मानित किया।
जब उसके इस कार्य की सूचना बिजली निगम को लगी तो अधिशासी अभियंता शेष कुमार बघेल ने भी उसके इस खोज को देखने की इच्छा व्यक्त की। सुनील ने बताया कि उसका लक्षय सिर्फ यह परियोजना नहीं है उसका अगला लक्ष्य मोटरसाइकिल के इंजन से हेलीकॉप्टर बनाने का है। उसने अपने द्वारा तैयार हेलीकॉप्टर के कलपुर्जो को पत्रकारों को दिखाया जिसे देखकर सभी दंग रह गए।
सुनील ने बताया कि उसके इस काम की सराहना तो सभी ने की लेकिन सरकार अथवा किसी ने भी उसकी आर्थिक सहायता नहीं की। उसने कहा कि यदि सरकार उसे साधन उप्लब्ध कराए तो वह हवा से बिजली उत्पन्न करने वाली एक बड़ी परियोजना तैयार कर सकता है। सुनील के पिता मोकम ने बताया कि आर्थिक दशा खराब होन की वजह से उन्होंने उसके कार्य को हमेशा पागलपन समझा लेकिन अब पूरा परिवार उसके साथ है।
रालेगण सिद्धि (अहमदनगर). गांधीवादी समाजसेवी अन्ना हजारे ने अमेरिकी अख़बार न्यूयॉर्क टाइम्स को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि उनकी टीम के खिलाफ झूठा प्रचार किया जा रहा है। दरअसल, अमेरिकी अखबार न्यूयॉर्क टाइम्स ने अपनी एक रिपोर्ट में अन्ना के हवाले से छापा है कि उनकी टीम में भी कुछ मतभेद हैं जिन्हें वह जल्द ही दूर कर देंगे। अख़बार के एक सवाल के जवाब में अन्ना ने कहा था कि अनशन के दौरान सरकार से बातचीत में अहंकार आड़े आ रहा था। अन्ना ने कहा, 'सरकार की ओर से चिदंबरम और सिब्बल अड़े थे और हमारी और से प्रशांत भूषण और अरविंद केजरीवाल।'
लेकिन इस इंटरव्यू के सामने आने के बाद अन्ना हजारे की तरफ से एक बयान जारी कर सफाई दी गई। बयान के मुताबिक, 'पत्रकारों ने मुझसे पूछा कि क्या मैं केजरीवाल और भूषण से सहमत हूं और क्या मेरे समर्थकों में मतभेद हैं? जवाब में मैंने कहा, कोई मतभेद नहीं है। मैंने कहा, अगर कोई कमी है तो मैं उसे ढूंढने की कोशिश करूंगा और अगर कोई कमजोरी मिलती है तो मैं उसे दूर करने की कोशिश करूंगा। मगर, इन पत्रकारों ने मेरी बातों का गलत मतलब समझा और लिख दिया कि मैं केजरीवाल और भूषण को बदलूंगा। यह झूठ है।'
बयान में अन्ना ने कहा कि वह पहले भी कह चुके हैं टीम अन्ना के खिलाफ दुष्प्रचार जारी है। इसमें मतभेद बताने की कोशिशें लगातार की जा रही हैं। उन्होंने कहा है कि ' अगर अखबार के पास मेरी बातचीत का टेप है तो मुझे दिखाए कि मैंने बदलूंगा शब्द का इस्तेमाल कहां किया है। 'उन्होंने कहा कि वास्तविकता यह है कि हमारी कोर टीम में पूरा सामंजस्य है और केजरीवाल या भूषण को बदलने का सवाल ही पैदा नहीं होता। हालांकि, न्यूयॉर्क टाइम्स ने अपनी रिपोर्ट का अभी तक खंडन नहीं किया है।
जयपुर.दिल्ली बाईपास पर मानबाग में पुलिस ने बुधवार को तीन हजार नकली घी पकड़ा है। इस मामले में पांच लोगों को गिरफ्तार किया गया है। इसके अलावा तीन नाबालिग भी पकड़े हैं जो कारखाने में नकली घी बना रहे थे। आरोपी छह माह से नकली घी बनाकर पंजाब, हरियाणा तथा शेखावाटी इलाके में सप्लाई कर रहे थे।
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी मुख्य सरगना गगन गुप्ता (34) तथा सहयोगी भूपसिंह कुशवाह (28) मूल रूप से मप्र के ग्वालियर के रहने वाले हैं। इन्होंने छह माह पहले ही मकान किराए पर लिया था।
अभी ये ब्रह्मपुरी इलाके के गोविंद नगर में रहते हैं। पुलिस को कारखाने में अनिल कुमार, विक्की, मुकेश व तीन बाल अपचारी नकली घी बनाते मिले। आरोपी मैसर्स श्याम फूड प्रोडक्ट के नाम से मुरली मिलन ब्रांड का नकली घी तैयार कर रहे थे।
जिनको बाजार में 15 लीटर, दो लीटर, एक लीटर तथा आधा लीटर के पैक में सप्लाई किया जाता था। आरोपियों ने पैकिंग पर देशी घी मोटे अक्षरों में लिख रखा था। इसके नीचे छोटे अक्षरों में इट इज नॉट लिखा था।
जो किसी को दिखाई ही नहीं देता था। कोई भी व्यक्ति इसे खरीदता तो देशी घी ही समझता था। आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि सप्ताह में तीन चार दिन नकली घी बनाते और दो तीन दिन इनको सप्लाई करते।
तीन हजार लीटर तैयार नकली घी मिला:
पुलिस ने दिल्ली बाइपास पर मानबाग स्थित प्लाट नंबर 97, 98 पर दबिश दी तो पॉम ऑयल, वनस्पति घी एवं एसेंस के मिश्रण से नकली घी तैयार कर पैकिंग की जा रही थी।
फैक्ट्री में 1875 किलो ग्राम पॉम ऑयल, तीन हजार लीटर तैयार नकली घी तथा 1125 किलो नकली घी भट्टी पर तैयार किया जा रहा था। पैकिंग मैटेरियल, खाली टिन व अन्य सामान पुलिस ने जब्त किए। बाद में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने नकली घी के सैंपल लिए।
कोटा.कोटा सरस डेयरी के एमडी व चेयरमैन के बीच चल रहा विवाद बुधवार को सारी हदें पार कर गया।चेयरमैन श्रीलाल गुंजल ने अपने साथियों के साथ मिलकर एमडी एमपी चौधरी को उनके ऑफिस में ही घसीट-घसीटकर पीटा। कर्मचारियों ने उन्हें बमुश्किल छुड़ाया। बाद में गुंजल अपने समर्थकों के साथ चले गए।
एमडी चौधरी ने गुंजल व उनके खिलाफ राजकार्य में बाधा डालने व मारपीट का मामला दर्ज कराया है। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार दोपहर 1 बजे कुछ समितियों के व्यवस्थापक एमडी चौधरी से दूध सप्लाई के मानदेय को लेकर मिलने आए। उनका कहना था कि बैंक से रकम निकालने में शाम हो जाती है, इसलिए मानदेय नकद देना चाहिए। उनके साथ गुंजल समर्थक महावीर व राधाकिशन भी मौजूद थे।
समर्थकों की डेयरी के एमडी से कहासुनी हो गई। चौधरी का कहना है कि गुंजल और उसक समर्थकों ने उन्हें मारा-पीटा। उधर, गुंजल ने कहा कि एमडी ने व्यवस्थापकों को भला-बुरा कहा और उनपर कुर्सी उठाकर फेंकी
व्यवस्थापक भड़क गए और उन्होंने एमडी के साथ मारपीट की। जब मैं पहुंचा तो मारपीट हो रही थी, मैंने उन्हें छुड़ाने का प्रयास किया। मैंने कोई मारपीट नहीं की।
इसी दौरान चेयरमैन गुंजल अपने कक्ष से तेजी से एमडी के कक्ष में आए और वहां रखा पानी का मग उठाकर एमडी की तरफ फेंका। इसके बाद गुंजल ने चौधरी के साथ मारपीट शुरू कर दी। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है।
चौधरी ने कहा कि श्रीलाल गुंजल ने उनसे मारपीट की, जबकि गुंजल का कहना है कि गलत तरीके से चेयरमैन बने हैं। दो साल से लगातार वे दबाव बनाना चाह रहे हैं। उनके पास कोई अधिकार नहीं हैं। वे डेयरी में अपनी गुंडागर्दी चलाना चाहते हैं, जिसमें वे सफल नहीं हो पा रहे थे। इसी के चलते उन्होंने प्री प्लान यह हमला किया है। हमले के पीछे उनकी मंशा है कि डेयरी में उनका खौफ रहे और जैसा वे चाहते हैं, वैसा ही काम हो