दोस्तों दिन, राजस्थान का दिवस, वोह दिवस जो टोंक, कोटा की कुर्बानी से राजस्थान की स्थापना हुई, इसी कोटा में अंग्रेजों की गुलामी से भारत के अकेले कोटा में , स्वंतन्त्रता सेनानी योद्धा, महराब खान, लाला जयदयाल वकील, ने आम बच्चों और औरतों पर जुल्म करने वाले अंग्रेज़ हाकम मेजर बर्टन जो कोटा दरबार की गुलामी स्वीकृति के बाद कोटा के पोलिटिकल एजेंट बनकर, रेजीडेंसी हाउस, बृजराज भवन कोटा से अंग्रेजों की हुकूमत कोटा को गुलाम चला रहे थे, उनसे, उनकी फ़ौज, कोटा दरबार की फ़ौज से संघर्ष कर, खूनी क्रांति कर कोटा को आज़ाद कराया, 6 माह कोटा पर आज़ादी का झंडा था, उस वक़्त , अंग्रेज़ी पोलिटिकल एजेंट की भी हत्या हुई, फिर कोटा के गद्दार मुखबिरों ने, गद्दारों की मदद से कोटा को फिर गुलाम बनाया, ओर महराब खान, लाला जय दयाल को नयापुरा बृजराज भवन के नीम के पेड़ पर फांसी पर लटकाया, महराब खान का मज़ार नयापुरा में है तो सही, लेकिन वीरान है, इधर अंग्रेज़ी एजेंट ओर अंग्रेजों गुलामों ने, मेजर बर्टन की कब्र पर , आज़ादी के शहीदों के लिये बेहूदा, अपशब्द अल्फ़ाज़ लिखे, इस मामले में, में कई वर्षों से लेखनी जागरण अभियान चला रहा हूँ, फिर दैनिक भास्कर कोटा , इन आज़ादी के दिवानों के पैरोकार बने, शहीदों को इंसाफ दिलाने निकले, पहले आधे पेज की खबर, फिर पाव पह की खबर, रोज़ जागरूक अभियान, सरकारी सिस्टम को ललकार लेकिन भाजपा की सरकार है, ना आर एस एस, ना कथित राष्ट्रभक्त संगठन ना उससे जुड़े लोग, ना कोटा सांसद जो लोकसभा अध्यक्ष है, ना कोटा के शिक्षा के कैबिनेट मंत्री, ऊर्जा मंत्री, कोटा कलेक्टर, किसी के जूं नहीं रेंगी, भाजपा विधायक अन्य का पत्र रस्म आदायगी हो गई, बात जो स्वतन्त्रता सेनानियों को सम्मान दिलाने से शुरू हुई मात्र शिलालेख हटवाने तक अटक गई, ओर भास्कर जब लड़ते लड़ते तक गया तो यह संघर्ष आधे पेज की खबर से एक चोथाई, फिर इतनी सी छोटी सी रस्म आदायगी की खबर बनने लगी, क्या हो गया है कोटा वालों को आज़ादी के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी जिन पर सुपर हिट फिल्म बनना थी, उन्हें दरकिनार क्यों और किस वजह से, कोंग्रेस के एक मंत्री स्वतन्त्रता सेनानोयों को सम्मान के लिखित वायदे के बाद क्यों मुकरे इन सवालों का जवाब रस्म अदायगी से नहीं ओरिजनल खोजी जर्नलिज़्म, ओरिजनल राष्ट्रीय भावना से ही मिल सकेंगे , ओर शहीदों को सम्मान मिल सकेगा, कोटा का स्वाभिमान देश भर में ही नहीं विश्वस्तरीय ज़िंदाबाद हो सकेगा, अख़्तर खान अकेला कोटा राजस्थान 9829086339

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