पारिवारिक सदस्यों की सहमति से, शहर की दो महिलाओं का देहदान संकल्प
हाडोती
संभाग में 14 वर्षों से नेत्रदान अंगदान देहदान के लिए, कार्यरत संस्था
शाइन इंडिया फाउंडेशन के प्रयासों से, हाड़ौती के 300 से अधिक लोगों ने
परिवार के रक्त संबंधी सदस्यों के साथ सहमति कर देहदान का संकल्प पत्र भरा
हुआ है ।
ओरिएंट प्रेम,शक्ति नगर, कोटा निवासी सेवानिवृत शिक्षिका
नीलम रानी नंदा ने भी अपने बेटे तरुण,धीरज,बेटी दिशा और रश्मि चावला से
सहमति लेने के बाद, संस्था के ज्योति मित्र प्रद्युम्न पाटनी के सहयोग से
शाइन इंडिया के साथ देहदान का संकल्प पत्र भरा । संकल्प लेने से पूर्व
संस्था सदस्यों ने परिवार से लिखित में सहमति प्राप्त की है ।
हमेशा
खुशमिजाज,प्रसन्नचित, सेवाभावी नीलम रानी का कहना है कि,मृत्यु के बाद
शरीर राख में बदले, उससे बेहतर है कि,किसी तरह से किसी के काम आये । हमारे
मृत शरीर पर भावी चिकित्सक अध्ययन करेंगे,तो मनुष्य संतति की बीमारियों का
बेहतर इलाज हो सकेगा ।
इसी क्रम में संस्था की किशोरपुरा निवासी
ज्योति मित्र कल्पना शर्मा ने अपनी माताजी राम भरोसी देवी का देहदान संकल्प
पत्र भी संस्था के सहयोग से भरवाया । धर्म,कर्म में आस्था रखने वाली राम
भरोसी ने भी परिवार के सभी सदस्यों से सहमति के बाद देहदान का संकल्प पत्र
भरा ।
शाइन इंडिया के संस्थापक डॉ कुलवंत गौड़ ने बताया कि, घर पर
जाकर देहदान के संबंध में सारी जानकारी देने के बाद भरे गए संकल्प पत्र
भविष्य में उसकी पूर्णता को सिद्ध करते हैं । संस्था सदस्य घर के हर उस
सदस्य को देहदान के बारे में जानकारी देते हैं,जो संकल्पित के दिवंगत होने
पर, निर्णय लेकर देहदान के कार्य को संपन्न कराने में सक्षम होता है ।
तुम अपने किरदार को इतना बुलंद करो कि दूसरे मज़हब के लोग देख कर कहें कि अगर उम्मत ऐसी होती है,तो नबी कैसे होंगे? गगन बेच देंगे,पवन बेच देंगे,चमन बेच देंगे,सुमन बेच देंगे.कलम के सच्चे सिपाही अगर सो गए तो वतन के मसीहा वतन बेच देंगे.
16 जनवरी 2026
पारिवारिक सदस्यों की सहमति से, शहर की दो महिलाओं का देहदान संक
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