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02 अगस्त 2017

सेवानिवृत्त आई ऐ एस ,,आईबी पीर ज़ादा को ,,अजमेर ख्वाजा साहिब की दरगाह की देखरेख के लिए नाज़िम ना हीब दिया

अजमेर ख्वाजा दरगाह अधिनियम ,,क़ायदे क़ानून ,,ताक में रखकर आखिर ,,प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के इशारे पर गुजरात केडर के सेवानिवृत्त आई ऐ एस ,,आईबी पीर ज़ादा को ,,अजमेर ख्वाजा साहिब की दरगाह की देखरेख के लिए नाज़िम ना हीब दिया ,,वोह शीघ्र ही अपना कार्यभार ग्रहण करेंगे ,,नाज़िम की नियुक्ति नहीं होने से अजमेर ख्वाजा दरगाह के प्रबंधन में काफी अनियमितताओं की शिकायत होने से अफरा तफरी मची थी ,,,पिछले दिनों केन्द्रिय अल्पसंख्यक मंत्रालय विधि नियम के अनुसार कार्यरत अधिकारियो के नाज़िम पद के लिए साक्षात्कार लिए थे ,,लेकिन .अचानक सेवानिवृत आई ऐ एस आई बी पीरज़ादा की नियुक्ति ने सभी को चौंका दिया है ,,पीरज़ादा गुजरात प्रशासनिक सेवा में थे जिन्हे पदोन्नत कर भारतीय प्रशासनिक सेवा में सेवानिवृत्ति के पूर्व पदोन्नती दी थी इसलिए उनका केडर आई ऐ एस का होगया ,,दरगाह नाज़िम के पद पर अधिनियम क़ायदे क़ानून के तहत ,,कार्यरत अधिकारियो में से इस पद पर नियुक्ति देने की अनिवार्यता होने से ,,विज्ञापन में भी कार्यरत अधिकारियो से आवेदन मांगे थे ,,साक्षात्कार भी कार्यरत अधिकारियो में से हुए थे ,,लेकिन अचानक इस नियुक्ति ने साबित कर दिया है ,,के नरेंद्र मोदी के गुजरात और उनके चहेते लोगो का दखल अब ख्वाजा गरीब नवाज़ की दरगाह में भी हो गया है ,,खेर वली चाहे जिससे खिदमत ले सकते है ,,,इसके पूर्व कर्नल मंसूर अली की बेमेल नियुक्ती थी जो 6 माह भी काम नहीं कर सके और छोड़कर चले गए ,,तभी से यह पद रिक्त चला आ रहा था ,,,नाज़िम की नियुक्ति नहीं होने से ,,विधवा ,,तलाक़शुदा ,महिलाओं की पेंशन ,,दूकान किरायेदारी ,,गेस्टहाउस प्रबंधन ,,,चढ़ावे सहित अन्य आमदनी का हिसाब किताब ,,आमद खर्च को लेकर काफी आरोप लगते रहे है ,,अलफ़ाज़ टू डे के सम्पादक मुन्ना अली ने तो इस मामले में गंभीर शिकायते केंद्रीय अल्पसंख्यक मंत्रालय में भी कर रखी है ,,,पीरज़ादा गुजरात केडर प्रशासनिक अधिकारी होने से नरेंद्र मोदी ,,अमितशाह के काफी नज़दीकी ,,सीधे अप्रोच वाले है ,,उनकी नियुक्ति पच्चीस हज़ार रुपए मानदेय पर इस शर्त पर की गयी है के वोह अन्य लाभ ,,पेंशन वगेरा गुजरात से प्राप्त कर रहे है ,,,,,,,देखते है पीरज़ादा अपना कार्यभार संभालने के बाद ,,ख्वाजा गरीब नवाज़ की इस दरगाह ,,वली ऐ हिन्द ,,के इस निज़ाम में ,,दीमक लगे लोगो को ,,यहां व्याप्त अनियमितताओं को खत्म कर वोह क्या सुधार लाते है ,,पीरज़ादा की यह नियुक्ति दो वर्ष के कार्यकाल के लिए हुई है ,,उन्हें अन्य रिहायशी ,,कार ,ड्राइवर ,,कर्चारियों की सुविधा अतिरिक्त मिलेगी ,,,,अख्तर खान अकेला कोटा राजस्थान

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