ख़ानदानिया ऐ अंजुमन ,टोंक के चेयरमेन ,,पूर्व वक़्फ़ कमेटी चेयरमेन
,,साहिबज़ादा मोहम्मद अहमद भय्या की आज सालगिरह है ,,वक़्फ़ सम्पत्ति पर
,राजस्थान की पर्दानशीं महिलाओं के लिए पहला ,,महिला बाज़ार ,बनाकर इन्होने
वाहवाही लूटी ,है जबकि अपनी हड्डियां टूटने ,जान से मारने की धमकियों के
बाद ,इन्होने अपनी जान पर खेलकर वक़्फ़ सम्पत्ति के रख रखाव ,,बचाव संरक्षण
के लिए खून बहाया है ,और करोडो करोड़ की बेशक़ीमती वक़्फ़ सम्पत्ति को
कब्जेदारों से मुक्त कराया है ,,टोंक नवाब अमीरिया खानदान की आवाज़ गरीबों ,,मिस्कीनों
के लिए बुलंद करते हुए इनके कार्यकाल में बेहिसाब वज़ीफ़े भी दिए गए है
,वर्तमान में भय्यू भाई ,,अंजुमन ख़ानदानियाँ के सदर होने के नाते ,,टोंक के
विकास ,बुलंदियों के लिए अपनी टीम के साथ संघर्षशील है ,,,मोहम्मद अहमद
भय्यू भाई की सालगिरह परम्परागत तरीके से बनाई जाती ,है इनके वालिद
सेवानिवृत आबकारी अधिकारी साहिबज़ादे मोहम्मद उमर की सालगिरह पर हर साल की
एक रोटी जो पाँव भर आटे की बनती है ,इस रोटी को हर साला उम्र बढ़ने के साथ
बढ़ा दी जाती है ,,मोहम्मद उमर के जन्म दिन की चौरासी रोटियां बनकर आज उनकी
रूह शहर ऐ खामोशा टोंक में आराम फरमा है ,,,यही रोटियों का सिलसिला
,,भय्यू भाई की सालगिरह में भी जारी है हर साल ईद मिलादुन्नबी के दूसरे
दिन उनकी सालगिरह पर ,रोटियां बनने का क्रम जारी है ,इंशाअल्लाह आज उनकी
सालगीराह पर छप्पन रोटियां बनेंगी ,,अल्लाह उन्हें उनकी सालगिरह के इस मौके
पर आपकी बेशुमार ख़ुशनूदगी की दुआओं से नवाज़े ,भय्या को सभी ,, दुःख
,,तकलीफों ,षडयंत्रो से छुटकारा मिले ,वोह सुर्खुरू रहे ,,अल्लाह उन्हें
सेहतयाब रखे ,उम्रदराज़ रखे ,,,उनकी हर ख्वाहिश पूरी हो ,वोह सेहतयाब
,खुशहाल ,कामयाब ,सुर्खुरू होकर यूँ ही ,संय्या बने रहकर ,उनकी शरीक ऐ हयात
,की उँगलियों के इशारों पर नाचते रहे ,अपने भाइयों के लिए वालिद की तरह
सहारा बनकर ऐसे ही अटल ख़ुशनूदगी की दुआओं के साथ खड़े रहे ,,बहनों के लिए
प्यार बना रहे ,दोस्तों के लिए उनकी बेहिसाब क़ुर्बानियों का जो सिलसिला है
,उनकी दोस्ती में और अल्ल्लाह इज़ाफ़ा करे ,अल्लाह उन्हें हर बुरी नज़र से
बचाये ,आमीन ,सुम्मा आमीन ,,,,अख्तर खान अकेला कोटा राजस्थान
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