विद्यार्थियों के साथ अंगदान महादान पर विशेष चर्चा
2. रोटरी क्लब कोटा नॉर्थ व शाइन इंडिया के संयुक्त तत्वाधान में अंगदान महादान पर कार्यशाला
शाइन
इंडिया फाउंडेशन द्वारा रोटरी क्लब कोटा नॉर्थ के रोटरी सप्ताह “अविरल” के
अंतर्गत सोगरिया स्थित केबीएस गुरुकुल में अंगदान-नेत्रदान जागरूकता पर
विद्यार्थियों के साथ, एक विशेष संगोष्ठी का आयोजन किया गया।
संस्था
के संस्थापक व मुख्य वक्ता डॉ संगीता गौड़ ने बताया कि,विद्यार्थियों के
साथ कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों में कम उम्र से ही
संवेदनशीलता, मानवता और सेवा भाव को जागृत करना था, ताकि अंगदान-नेत्रदान
जैसे महान कार्यों को समाज में सामान्य बनाया जा सके।
डॉ. संगीता
गौड़ ने नेत्रदान के महत्व और वर्तमान समय में उसकी उपयोगिता पर प्रकाश
डाला। उन्होंने बच्चों को सरल भाषा में बताया कि,भारत में लाखों लोग
कॉर्निया की अंधता से पीड़ित हैं। इसका मुख्य कारण संक्रमण, चोट या
विटामिन-A की कमी है, और इसका एकमात्र निवारण मरणोपरांत नेत्रदान ही है। एक
व्यक्ति के नेत्रदान से न्यूनतम दो लोगों को रोशनी मिल सकती है।
कार्यशाला
में डॉ. कुलवंत गौड़ ने अंगदान के महत्व को बताते हुए जानकारी दी कि कैसे
एक ब्रेन डेड व्यक्ति,जीवन के अंतिम क्षणों में अपने हृदय, फेफड़े, लीवर,
किडनी, पैन्क्रियाज और आंखे दान करके 9 लोगों को जीवनदान दे सकता है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि,अंगदान सबसे बड़ा पुण्य है और इसमें शरीर विरूपित
नहीं होता।
कार्यशाला में रोटरी क्लब कोटा नॉर्थ के अध्यक्ष विनय
अग्निहोत्री एवं परियोजना समन्वयक हेमलता गुप्ता ने शाइन इंडिया फाउंडेशन
के प्रयासों की सराहना की और कहा कि इस तरह के संयुक्त कार्यक्रम समाज में
सकारात्मक बदलाव की नींव रखते हैं। इस अवसर पर रोटरी क्लब के निर्वाचित
अध्यक्ष डॉ. प्रवीण गुप्ता एवं प्रथम महिला पुनीत अग्निहोत्री भी उपस्थित
रहे। केबीएस गुरुकुल की ओर से प्राचार्य दिनेश गुप्ता एवं समन्वयक गरिमा ने
संस्था का आभार व्यक्त किया और भविष्य में भी ऐसे आयोजन कराने का संकल्प
लिया।
संगोष्ठी के अंत में, विद्यार्थियों से कार्यशाला में दी गई
जानकारी से जुड़े सवाल किये गए,सही जवाब देने वाले बच्चों को संस्था की ओर
से शाइन मेडल लेकर पुरस्कृत भी किया गया।
आपका-अख्तर खान "अकेला"
तुम अपने किरदार को इतना बुलंद करो कि दूसरे मज़हब के लोग देख कर कहें कि अगर उम्मत ऐसी होती है,तो नबी कैसे होंगे? गगन बेच देंगे,पवन बेच देंगे,चमन बेच देंगे,सुमन बेच देंगे.कलम के सच्चे सिपाही अगर सो गए तो वतन के मसीहा वतन बेच देंगे.
17 अप्रैल 2026
विद्यार्थियों के साथ अंगदान महादान पर विशेष चर्चा
हमने इसको मुबारक रात (शबे क़द्र) में नाजि़ल किया बेशक हम (अज़ाब से) डराने वाले थे
सूरए अद दुख़ान मक्का में नाजि़ल हुआ और इसमें (59) उनसठ आयतें हैं
ख़ुदा के नाम से शुरू करता हूँ जो बड़ा मेहरबान निहायत रहमवाला है
हा मीम (1)
वाज़ेए व रौशन किताब (कु़रआन) की क़सम (2)
हमने इसको मुबारक रात (शबे क़द्र) में नाजि़ल किया बेशक हम (अज़ाब से) डराने वाले थे (3)
इसी रात को तमाम दुनिया के हिक़मत व मसलेहत के (साल भर के) काम फ़ैसले किये जाते हैं (4)
यानि हमारे यहाँ से हुक्म होकर (बेशक) हम ही (पैग़म्बरों के) भेजने वाले हैं (5)
ये तुम्हारे परवरदिगार की मेहरबानी है, वह बेशक बड़ा सुनने वाला वाकि़फ़कार है (6)
सारे आसमान व ज़मीन और जो कुछ इन दोनों के दरमियान है सबका मालिक (7)
अगर तुममें यक़ीन करने की सलाहियत है (तो करो) उसके सिवा कोई माबूद नहीं -
वही जिलाता है वही मारता है तुम्हारा मालिक और तुम्हारे (अगले) बाप दादाओं
का भी मालिक है (8)
लेकिन ये लोग तो शक में पड़े खेल रहे हैं (9)
तो तुम उस दिन का इन्तेज़ार करो कि आसमान से ज़ाहिर ब ज़ाहिर धुआँ निकलेगा (10)
15 अप्रैल 2026
आज़ाद भारत को जिओ और जीने दो का सलीक़ा सिखाने वाले , मानवधर्म संविधान निर्माता ,, डॉक्टर भीमराव अम्बेडकर जी को श्रद्धाजंलि
कोटा बूंदी लोकसभा सांसद ,, देश के सबसे ऊँचे ओहदे लोकसभा अध्यक्ष के पद पर हैं
मेरे जनगीत संग्रह -"हम सब नीग्रो हैं " से एक गीत :