आपका-अख्तर खान "अकेला"
तुम अपने किरदार को इतना बुलंद करो कि दूसरे मज़हब के लोग देख कर कहें कि अगर उम्मत ऐसी होती है,तो नबी कैसे होंगे? गगन बेच देंगे,पवन बेच देंगे,चमन बेच देंगे,सुमन बेच देंगे.कलम के सच्चे सिपाही अगर सो गए तो वतन के मसीहा वतन बेच देंगे.
19 सितंबर 2026
प्राथमिक शिक्षकों की हुंकार—मांगें पूरी करो, संगठन मजबूत करो
कांस्टेबल मोहित और विनोद की मदद से माला फाटक पर नशे की खेप का भंडाफोड़!
और फिरआऊन के लोग मूसा से एक मरतबा कहने लगे कि तुम हम पर जादू करने के लिए चाहे जितनी निषानियाँ लाओ मगर हम तुम पर किसी तरह ईमान नहीं लाएँगें
और फिरआऊन के लोग मूसा से एक मरतबा कहने लगे कि तुम हम पर जादू करने के लिए चाहे जितनी निषानियाँ लाओ मगर हम तुम पर किसी तरह ईमान नहीं लाएँगें (132)
तब हमने उन पर (पानी को) तूफान और टिड़डियाँ और जुए और मेंढ़कों और खून (का अज़ाब भेजा कि सब जुदा जुदा (हमारी कुदरत की) निषानियाँ थी उस पर भी वह लोग तकब्बुर ही करते रहें और वह लोग गुनेहगार तो थे ही (133)
(और जब उन पर अज़ाब आ पड़ता तो कहने लगते कि ऐ मूसा तुम से जो ख़ुदा ने (क़बूल दुआ का) अहद किया है उसी की उम्मीद पर अपने ख़ुदा से दुआ माँगों और अगर तुमने हम से अज़ाब को टाल दिया तो हम ज़रूर भेज देगें (134)
फिर जब हम उनसे उस वक़्त के वास्ते जिस तक वह ज़रूर पहुँचते अज़ाब को हटा लेते तो फिर फौरन बद अहदी करने लगते (135)
तब आखि़र हमने उनसे (उनकी शरारत का) बदला लिया तो चूकि वह लोग हमारी आयतों को झुटलाते थे और उनसे ग़ाफिल रहते थे हमने उन्हें दरिया में डुबो दिया (136)
और जिन बेचारों को ये लोग कमज़ोर समझते थे उन्हीं को (मुल्क कयाम की) ज़मीन का जिसमें हमने (ज़रखेज़ होने की) बरकत दी थी उसके पूरब पच्छिम (सब) का वारिस (मालिक) बना दिया और चूकि बनी इसराईल नें (फिरआऊन के ज़ालिमों) पर सब्र किया था इसलिए तुम्हारे परवरदिगार का नेक वायदा (जो उसने बनी इसराइल से किया था) पूरा हो गया और जो कुछ फिरआऊन और उसकी क़ौम के लोग करते थे और जो ऊँची ऊँची इमारते बनाते थे सब हमने बरबाद कर दी (137)
और हमने बनी ईसराइल को दरिया के उस पार उतार दिया तो एक ऐसे लोगों पर से गुज़रे जो अपने (हाथों से बनाए हुए) बुतों की परसतिष पर जमा बैठे थे (तो उनको देख कर बनी ईसराइल से) कहने लगे ऐ मूसा जैसे उन लोगों के माबूद (बुत) हैं वैसे ही हमारे लिए भी एक माबूद बनाओ मूसा ने जवाब दिया कि तुम लोग जाहिल लोग हो (138)
(अरे कमबख़्तो) ये लोग जिस मज़हब पर हैं (वह यक़ीनी बरबाद होकर रहेगा) और जो अमल ये लोग कर रहे हैं (वह सब मिटिया मेट हो जाएगा) (139)
(मूसा ने ये भी) कहा क्या तुम्हारा ये मतलब है कि ख़ुदा को छोड़कर मै दूसरे को तुम्हारा माबूद तलाश करू (140)
18 सितंबर 2026
ऐडवोकेट हाजी अख्तर खान अकेला द्वारा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भेजी शिकायत सुझावों को प्रधानमंत्री कार्यालय ने गंभीरता से लेते हुए
आदरणीय, दर्जनों सुझावात्मक पत्र भेजने, पत्र की पावती, की निरंतर निरुत्तरता,
आदरणीय, दर्जनों सुझावात्मक पत्र भेजने, पत्र की पावती, की निरंतर निरुत्तरता, आम कांग्रेस जन की संवाद, मुलाक़ात, फेक्ट चेकिंग, कठोर अनुशासन , आयाराम, गयाराम पर रोक, संगठन सर्वोपरि, बी एल ऐ बूथ कार्यकर्ता मज़बूती, सक्रियता, ज़िला संगठनों पर सत्ता धारियो, विधायक, सांसद , पूर्व लोगों की कठपुतली का खेल, आप का कार्यकर्ताओं से दूर रहना, मुलाक़ात नहीं करना, इवेंट , कॉमरेड अधीनस्थों के ज़रिए संगठन कार्यकर्ताओं की घोर उपेक्षा, वगेरा वगेरा के बाद ही , बोझिल मन से पत्र लिखने के अलावा, इस कड़वे सच को , इस दुआ के साथ के खुदा सद्बुद्धि दे, दृढ़संकल्प दे के इन सुझावों की क्रियान्विति से कोंग्रेस संगठन फिर से हर शहर, हर राज्य, लोकसभा क्षेत्रों में ज़िंदाबाद हो, लेकिन आप कार्यकर्ताओं से रूबरू मिलने का टाइम ही नही देते, इवेंट कम्पनियों से सारा काम करा रहे है, कार्यकर्ताओं से आपके पास मिलने का टाइम नहीं, उनके पत्र , मेसेज पढ़ने उन पर संज्ञान लेकर जवाब देने का टाइम नही, कोंग्रेस कार्यालय में बैठने का टाइम नहीं , कमल छाप कोंग्रेसियों के खिलाफ सुनवाई कार्यक्रम का टाइम नही, बूथ इंचार्ज बी एल ऐ व्यवस्था जुड़ाव, सुधार, व्यक्ति की जगह संगठन के प्रति निष्ठा जवाबदारी के अभियान का टाइम नही , पार्टी के गद्दारो को फिर वापस लेकर समर्पित कोंग्रेसियों की छाती पर मूंग दलते है सोचने का टाइम नहीं, कोंग्रेस संगठन पर सांसद, विधायक, पूर्व मंत्री सन्तरी, सत्ता धारी क्यों हावी है, ज़िला अध्यक्षों से विधायक, सांसद खुद को ऊपर क्यों समझकर संगठन मटियामेट कर रहे है इसका टाइम नही, राष्ट्रीय, प्रदेश , ज़िला, ब्लॉक कोंग्रेस कार्यालय पर ही हर बैठक हो, विधायक, सांसद, पूर्व पेंशनधारी कोंग्रेसी अपने ज़िले के कोंग्रेस कार्यालय में महीने में कम से कम एक हफ्ता उपस्थित रहकर कार्यकर्ताओं की सुने यह व्यवस्था करने का भी आपके पास टाइम नही, आप कुछ नया करे तो पहले अनुशासित तऱीके से कोंग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष से अनुमति लेकर अनुशासन की बाध्यता का उदाहरण दें आपके पास इतना टाइम नहीं, कोंग्रेस विधान को शत प्रतिशत लागू करे , कोंग्रेस चुनाव चिन्ह ओर कोंग्रेस झंडे में चरखे ओर हाथ के निशान के फ़र्क़ को मिटाये इतना टाइम भी नहीं, संगठन बातों, भाषणों, इवेंट से नहीं व्यवहार में आम कार्यकर्ताओं से वन टू वन मिलनसारिता से चलता है, इतना भी टाइम नहीं, अख़्तर खान अकेला कोटा राजस्थान 9829086339