ज्योति मित्र ने प्रेरित किया तो संपन्न हुआ नेत्रदान
रविवार देर रात, विज्ञान नगर निवासी
कोटा
निवासी स्व जगदीश धमीजा की धर्मपत्नी सुरजीत धमीजा का आकस्मिक निधन हो गया
। पड़ोस में रह रहे,शाइन इंडिया के ज्योति मित्र राजीव शर्मा,जैसे ही
सांत्वना देने के लिए घर पहुंचे तो उन्होंने सुरजीत की तीनों बेटियों
अर्चना,पूजा और प्रियंका से माता जी के नेत्रदान करवाने की इच्छा जाहिर की ।
शिवरात्रि
के पावन पर्व पर बेटियों ने तुरंत ही माता जी के नेत्रदान के लिए सहमति
दी,जिसके उपरांत रात दो बजे सूचना देने के बाद डॉ कुलवंत गौड़ के नेतृत्व
में, सुरजीत के नेत्रदान की प्रक्रिया निवास स्थान पर संपन्न हुई । राजीव
ने बताया कि,चिकित्सकीय कारणों से वह स्वयं अपनी दिवंगत माता जी का
नेत्रदान भी नहीं करा पाये थे,उसी समय से,वह अब किसी के निधन की सूचना
मिलते ही, उनके नेत्रदान करवाने के लिए समझाइश करते हैं ।
तुम अपने किरदार को इतना बुलंद करो कि दूसरे मज़हब के लोग देख कर कहें कि अगर उम्मत ऐसी होती है,तो नबी कैसे होंगे? गगन बेच देंगे,पवन बेच देंगे,चमन बेच देंगे,सुमन बेच देंगे.कलम के सच्चे सिपाही अगर सो गए तो वतन के मसीहा वतन बेच देंगे.
16 फ़रवरी 2026
ज्योति मित्र ने प्रेरित किया तो संपन्न हुआ नेत्रदान
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